चित्रकूट

चित्रकूट का अर्थ है "कई आश्चर्यों से भरी पहाड़ी" यह उत्तर प्रदेश और मध्य प्रदेश के राज्यों में फैले पहाड़ों की उत्तरी विंध्य श्रृंखला में है। भगवान राम ने यहाँ अपने वनवास का बहुत समय बिताया। महाकाव्य रामायण के अनुसार,चित्रकूट में भगवान राम के भाई भरत ने उनसे मुलाकात की और उनसे अयोध्या लौटने और राज्य पर शासन करने के लिए कहा। यह माना जाता है कि हिंदू धर्म के सर्वोच्च देवता  (ब्रह्मा, विष्णु और महेश) यहाँ अवतार ले चुके हैं। यहाँ कई मंदिर और कई धार्मिक स्थल हैं। इस धरा पर संस्कृति और इतिहास के सुन्दर संयोजन की झलकियाँ हैं। चित्रकूट आध्यात्मिक आश्रय स्थल है। जो लोग अनजानी और अनदेखी जगहों के प्रति रुचि रखते हैं उन यात्रियों की यहाँ लगभग पूरे साल भीड़ रहती है । चित्रकूट देवत्व, शांति और प्राकृतिक सौंदर्य का एकदम सही मेल है।

मुख्य आकर्षण

गणेश बाग

गणेश बाग कर्वी-देवांगना रोड पर स्थित है। यह 19 वीं शताब्दी में विनायक राज पेशवा द्वारा बनाया गया था। यहाँ एक मन्दिर है, जिसका आन्तरिक भाग खजुराहो की कला और शैली जैसा है। मूल खजुराहो से इसकी वास्तुकला की समानता के कारण यह जगह...

रामघाट

राम घाट वह घाट है जहाँ प्रभु राम नित्य स्नान किया करते थे l मंदाकिनी नदी के तट पर बने रामघाट में अनेक धार्मिक क्रियाकलाप चलते रहते हैं। घाट में गेरूआ वस्त्र धारण किए साधु-सन्तों को भजन और कीर्तन करते देख बहुत अच्छा महसूस...

हनुमान धारा

यह हनुमान मंदिर एक विशाल चट्टान के ऊपर स्थित है। कई पगों की खडी चढ़ाई के बाद मंदिर पहुँचते हैं। इस पर चढ़ने के दौरान नीचे चित्रकूट के शानदार दृश्य देख सकते हैं। पूरे मार्ग में प्रार्थना के लिये भगवान हनुमान की छोटी मूर्तियाँ...

गुप्त गोदावरी

गुप्त गोदावरी चित्रकूट से 18 किलोमीटर दूर स्थित है। पौराणिक कथा के अनुसार भगवान राम और लक्ष्मण अपने वनवास के दौरान कुछ समय के लिए यहाँ रहे। प्रवेश द्वार संकरा होने के कारण इसमें आसानी से नहीं घुसा जा सकता। गुफा के अंत में एक...

चित्रकूट में ख़ास


भोजन

उत्तर प्रदेश भोजन प्रेमियों के लिए विभिन्न विकल्पों की पेशकश करने वाले विविध व्यंजनों का देश है। पहले कभी नहीं जैसे भोजन का अनुभव करने के लिए राज्य पर जाएं।

आयोजन

उत्तर प्रदेश विभिन्न संस्कृतियों और परंपराओं का मिश्रण है जिसमें विभिन्न आयोजनों और त्योहारों का आयोजन किया जाता है। समृद्ध संस्कृति का अनुभव करने के लिए राज्य पर जाएं।

मुख्य कार्य कलाप

उत्तर प्रदेश विविधता, संस्कृति, रीति-रिवाजों और परंपराओं का केंद्र है। अंतहीन गतिविधियों का अन्वेषण करें और इसमें शामिल हों।

शंसापत्र

कैसे पहुंचे?

फ्लाईट

इलाहाबाद में बमरौली हवाई अड्डा निकटतम हवाई अड्डा है, यह चित्रकूट से 106.1 किमी. दूर है। अगला खजुराहो हवाई अड्डा है जो चित्रकूट से 167.7 किमी दूर है। दोनों हवाई अड्डों से दिल्ली के लिए दैनिक उड़ान सेवाएं हैं।

बस

चित्रकूट शहर के लिए नियमित रूप से बस सेवाएं चलती हैं। वे राज्य के राजमार्गों और राष्ट्रीय राजमार्ग 35 के एक अच्छी तरह से जुड़े नेटवर्क के जरिए दैनिक आधार पर काम करती हैं। यात्री समान मार्ग के लिए शेयरिंग टैक्सियाँ या कैब भी ले सकते हैं।

ट्रेन

चित्रकूट धाम [सीकेटीडी] कारवी, चित्रकूट में सबसे निकटतम रेलवे स्टेशन है। यह रेल के माध्यम से भारत के बाकी हिस्सों से शहर को जोड़ता है।

आप अपने द्वारा चुनी गई ट्रैवल एजेंसियों की जानकारी पा सकते हैं